मैनपुरी 24 जनवरी, 2026- जिलाधिकारी अंजनी कुमार सिंह ने वन ट्रिलियन डॉलर की जनपद
स्तरीय समिति की त्रैमासिक बैठक की समीक्षा के दौरान कहा कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को वन ट्रिलियन डॉलर बनाने में सभी सैक्टर में प्रभावी कार्य किया जाये, जनपद में कृषि उत्पादन से सम्बन्धित ईकाईओं की स्थापना हो, लहसुन, आलू पर आधारित फूड प्रोसेसिंग यूनिट लगाये जायें, जनपद में उत्पादित चावल का मूल्य बासमती चावल की दर पर निर्धारित किया जाये। उन्होने द्वितीयक, तृतीयक सेक्टर से सम्बन्धित अधिकारियों को निर्देशित करते हुये कहा कि इस क्षेत्र की जी.डी.पी. बढ़ाने हेतु कार्य-योजना बनाकर कार्य करें, जिससे जनपद का समग्र विकास हो सके।
बैठक में अपर सांख्यिकीय अधिकारी ने जनपद की जी.डी.पी. से सम्बन्धित ऑकड़े प्रस्तुत करते हुए बताया कि जनपद की जी.डी.पी. गत वर्ष की सापेक्ष में वर्ष 2023-24 में रु 18812.00 करोड है, जो कि 20.46 प्रतिशत है, उत्तर प्रदेश की जी.डी.पी. गत वर्ष के सापेक्ष वर्ष 2023-24 में रु. 2562792.00 करोड की है। जनपद का योगदान प्रदेश की अर्थ व्यवस्था में 0.73 प्रतिशत है, प्रति व्यक्ति शुद्ध आय 2023-24 में रु.75922 है जो गत वर्ष के सापेक्ष 10.40 प्रतिशत अधिक है। उन्होंने बताया कि प्राईमरी सैक्टर कृषि एवं सबद्ध में गेहूँ, बाजरा, चना, मटर एवं लाई सरसों, लहुसन, आलू के उत्पादन वर्ष 2024-25 में वृद्धि हुई है। वर्ष 2024-25 में दुग्ध सैक्टर में 24.05 प्रतिशत, मांस सैक्टर में 39.05 प्रतिशत, अण्डा उत्पादन में 07.22 प्रतिशत, मतस्य पालन में 18.03 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
मुख्य विकास अधिकारी नेहा बंधु ने कहा कि प्राइमरी क्षेत्र में चिप्स, डेयरी उद्योग लगाकर जनपद की जी.डी.पी. को बढ़ाया जा सकता है, प्राइमरी सेक्टर के अलावा अन्य सेक्टर पर भी विषेष ध्यान दिया जाये। बैठक में डिप्टी कमिश्नर राज्यकर, सहायक निदेशक कारखाना, सहायक सम्भागीय परिवहन अधिकारी, अपर सांख्यिकीय अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
